क्या आपको भी आजकल बहुत जल्दी थकान महसूस होती है? क्या पढ़ाई या काम में मन नहीं लगता और हाथ-पैरों में झुनझुनी होती है? अगर हाँ, तो हो सकता है कि आपके शरीर में एक बहुत ही जरूरी विटामिन की कमी हो गई हो।
अक्सर हम छोटी-मोटी बीमारियों को नजरअंदाज कर देते हैं, लेकिन शरीर में b12 vitamin in hindi की जानकारी होना बहुत जरूरी है। यह एक ऐसा विटामिन है जो अगर कम हो जाए, तो इंसान बिस्तर पकड़ सकता है और अगर ज्यादा हो जाए तो दिक्कत दे सकता है।
आज के इस आर्टिकल में हम बिल्कुल आसान भाषा में जानेंगे कि b12 vitamin in hindi क्या है, इसकी कमी को घर बैठे कैसे पूरा करें और क्या vitamin b12 jyada hone ke nuksan भी हो सकते हैं? चलिए, आपकी सेहत का राज जानते हैं।
B12 Vitamin in Hindi क्या है? (What is Vitamin B12)
विटामिन B12, जिसे विज्ञान की भाषा में ‘कोबालामिन’ (Cobalamin) भी कहते हैं, हमारे शरीर के लिए एक सुपरहीरो की तरह है।
आसान शब्दों में समझें तो यह एक ऐसा विटामिन है जो पानी में घुल जाता है (Water Soluble)। लेकिन मजे की बात यह है कि हमारा शरीर इसे खुद नहीं बना सकता। इसे हमें खाने-पीने की चीजों के जरिए ही लेना पड़ता है। यह हमारे नर्वस सिस्टम (दिमाग और नसों) को हेल्दी रखने का काम करता है।
हमारे शरीर में Vitamin B12 का क्या काम है?
आप सोच रहे होंगे कि आखिर यह इतना जरूरी क्यों है? इसके मुख्य काम ये हैं:
- खून बनाना: यह लाल रक्त कोशिकाओं (Red Blood Cells) को बनाने में मदद करता है। अगर यह नहीं होगा, तो शरीर में खून की कमी (एनीमिया) हो जाएगी।
- दिमाग चलाना: यह आपके दिमाग और नसों को सही से काम करने में मदद करता है।
- ऊर्जा देना: हम जो खाना खाते हैं, उसे एनर्जी (ताकत) में बदलने का काम विटामिन B12 ही करता है।
- DNA बनाना: यह हमारे शरीर के जेनेटिक मटेरियल (DNA) को बनाने में मदद करता है।
Vitamin B12 की कमी के लक्षण (Symptoms)
अगर आपके शरीर में b12 vitamin in hindi की मात्रा कम हो गई है, तो आपका शरीर आपको ये संकेत देगा:
- हर वक्त थकान: पूरी नींद लेने के बाद भी कमजोरी लगना।
- हाथ-पैरों में झुनझुनी: ऐसा लगना जैसे हाथ-पैर सो गए हों या सुइयां चुभ रही हों।
- मुंह में छाले: जीभ का लाल हो जाना या सूज जाना (Glossitis)।
- याददाश्त कमजोर होना: चीजें रखकर भूल जाना या कन्फ्यूजन होना।
- सांस फूलना: थोड़ा सा चलने पर ही सांस भर जाना।
- आंखों की रोशनी कम होना: धुंधला दिखाई देना।
- मूड स्विंग: बिना बात के चिड़चिड़ापन या डिप्रेशन महसूस होना।
हमें Vitamin B12 की कमी क्यों होती है? (Causes)
इसके पीछे कुछ मुख्य कारण हो सकते हैं:
- शाकाहारी होना: यह विटामिन ज्यादातर मीट, मछली और अंडे में होता है। इसलिए जो लोग शुद्ध शाकाहारी हैं, उनमें इसकी कमी अक्सर देखी जाती है।
- पाचन में गड़बड़: अगर किसी को पेट की बीमारी है (जैसे Crohn’s disease), तो उसका शरीर भोजन से विटामिन सोख नहीं पाता।
- दवाइयां: एसिडिटी (Gas) की दवाइयां लंबे समय तक खाने से भी B12 कम हो जाता है।
- उम्र: 50 साल की उम्र के बाद शरीर की विटामिन सोखने की क्षमता कम हो जाती है।
Vitamin B12 के स्त्रोत (Sources: Veg & Non-Veg)
अब सबसे बड़ा सवाल- इसे बढ़ाएं कैसे? यहाँ हम आपको सही और सटीक स्त्रोत बता रहे हैं:
शाकाहारी लोगों के लिए (Veg Sources)
चूंकि यह पौधों में प्राकृतिक रूप से नहीं पाया जाता, इसलिए आपको इन चीजों पर ध्यान देना होगा:
- दूध और दही: रोजाना दूध, दही या पनीर का सेवन करें। यह शाकाहारियों के लिए सबसे अच्छा स्त्रोत है।
- फोर्टिफाइड फूड्स: आजकल बाजार में ऐसा आटा और कॉर्नफ्लेक्स मिलता है जिसमें अलग से B12 मिलाया जाता है।
- न्यूट्रीशनल यीस्ट (Nutritional Yeast): यह पनीर जैसा स्वाद देता है और इसमें भरपूर B12 होता है।
- सप्लीमेंट्स: डॉक्टर की सलाह पर मल्टीविटामिन गोली लेना सबसे सुरक्षित तरीका है।
मांसाहारी लोगों के लिए (Non-Veg Sources)
- मछली (Fish)
- अंडे (Eggs)
- चिकन और रेड मीट
(नोट: पुराने लेखों में जीरे का पानी या अदरक बताया जाता था, लेकिन विज्ञान के अनुसार उनमें विटामिन B12 नहीं होता। सही जानकारी ही अपनी सेहत के लिए अपनाएं।)
Vitamin B12 Jyada Hone Ke Nuksan (Side Effects of Excess)
अक्सर लोग बिना डॉक्टर से पूछे धड़ल्ले से दवाइयां खाने लगते हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि vitamin b12 jyada hone ke nuksan भी हो सकते हैं?
हालांकि यह पानी में घुलनशील है और एक्स्ट्रा विटामिन पेशाब के रास्ते निकल जाता है, फिर भी बहुत ज्यादा डोज लेने से ये दिक्कतें हो सकती हैं:
- चेहरे पर मुंहासे: ज्यादा B12 लेने से पिम्पल्स (Acne) की समस्या हो सकती है।
- एलर्जी: कुछ लोगों को खुजली या चकत्ते हो सकते हैं।
- सिरदर्द और चक्कर: भारीपन महसूस हो सकता है।
- पेट खराब: उल्टी या दस्त की शिकायत हो सकती है।
इसलिए, सप्लीमेंट हमेशा डॉक्टर की सलाह पर और ब्लड टेस्ट करवाने के बाद ही लें।
निष्कर्ष (Conclusion)
दोस्तों, शरीर एक मशीन की तरह है और b12 vitamin in hindi उसका तेल (Oil) है। अगर यह कम हुआ तो मशीन आवाज करने लगेगी (बीमार पड़ जाएगी)। अगर आप शाकाहारी हैं, तो दूध-दही को अपनी डाइट का हिस्सा जरूर बनाएं। साथ ही, बिना वजह दवाइयां न खाएं क्योंकि vitamin b12 jyada hone ke nuksan भी हो सकते हैं।
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People Also Ask (अक्सर पूछे जाने वाले सवाल)
Ans: विटामिन B12 की कमी से ‘एनीमिया’ (खून की कमी) हो जाता है। इसके अलावा नर्वस सिस्टम कमजोर होने से हाथों-पैरों में सुन्नपन और याददाश्त की कमी हो सकती है
Ans: एक सामान्य वयस्क (Adult) को रोजाना लगभग 2.4 माइक्रोग्राम (mcg) विटामिन B12 की जरूरत होती है।
Ans: अगर आपके शरीर में कमी है, तो डॉक्टर की सलाह पर इसे रोज लिया जा सकता है। चूंकि यह वाटर-सॉल्यूबल है, शरीर एक्स्ट्रा विटामिन को बाहर निकाल देता है, इसलिए यह सुरक्षित माना जाता है।
Ans: जी हाँ, गर्भ में पल रहे शिशु के दिमाग और रीढ़ की हड्डी के विकास के लिए माँ के शरीर में B12 होना बहुत जरूरी है।